मुझे लगा कि मेरा माँ बनना जरूरी है. इससे मेरे सास ससुर, सगे संबंधी भी शांत रहेंगे. मैंने निर्णय किया कि मैं अपने ननदोई से अपनी चूत कर एक बच्चा पैदा करूंगी।
मेरी वासना से भरपूर मेरी सेक्स स्टोरी के पहले भागमैं बच्चे के लिये अपने ननदोई से चुदी-1में अब तक आपने पढ़ा कि ननदोई ने कैसे मेरी ननद को चोदा अब आगे और मैं उसके बाद वापस अपनी ससुराल आ गयी थी.
तब मैंने नोटिस किया था कि मेरे ननदोई जी का लंड बहुत बड़ा है और वो मुझको चोदने भरी नजरों से देखा करते थे.
उस से प्रेरित होकर मैंने सोचा था कि काश यही लण्ड मुझे मिल जाये तो मैं खूब उछल उछल के चुद जाऊँ और अपनी बरसों की प्यास बुझा लूँ।लेकिन मैंने वासना पूर्ति के लिए ऐसा नहीं किया। मुझे लगा कि यह हमारे संस्कारों के विरुद्ध होगा.
लेकिन बाद में मेरे दिमाग एक बात आई कि अगर जल्दी मेरी कोई औलाद ना हुई तो मेरे सास ससुर मुझे ताने मारने लगेंगे. पड़ोसी भी पूछने लगेंगे कि बहू में कोई कमी है क्या. मेरे अपने माँ बाप भी नाना नानी बनने के सपने देख रहे होंगे. मेरा भाई भी मामा कहलवाने को उत्सुक होगा.
मुझे लगा कि मेरा माँ बनना जरूरी है. इससे …