मैं पढ़ाई के लिए दिल्ली आया और एक कमरा लिया रहने के लिए. मकान मालकिन भाभी को देख कर लगा कि ये चूत दे देगी. मैंने उनसे नजदीकी बढ़ानी शुरू कर दी और …
लेखक की पिछली कहानी: दिल्ली की भाभी और आंटी की गंदी चुदाईदोस्तो, मेरा नाम मयंक है. मैं पढ़ाई के लिए दिल्ली 2015 में आया था. मैंने आते ही एक कमरा किराये पर लेना चाहा.
एक मकान में कमरा था, उसमें मकान मालिक की फैमिली में 3 लोग रहते थे मकान मालिक भाभी और एक भैया और उनकी बच्ची.मैंने भाभी से पूछा- भाभी सिंगल रूम है या डबल रूम?तो उन्होंने बताया- सिंगल रूम. आपके लिए सिंगल ही सही रहेगा.भाभी ने पूछा- आप क्या करते हो?तो मैंने बताया- भाभी, मैं पढ़ाई करने आया हूं दिल्ली में और यहां पढ़ाई करके घर जाऊंगा.
उन्होंने पूछा- आपके मां-बाप कहां रहते हैं?मैंने बताया- आंटी, सभी लोग गाँव वाले घर पर रहते हैं, मैं अकेला शहर में पढ़ने आया हूं.उन्होंने मुझसे बोला- मैं आंटी दिखती हूं?मैंने बोला- नहीं नहीं, गलती हो गई. सॉरी माफ करना, भाभी हो आप तो!
उन्होंने हल्की सी मुस्कान दी और अपने कमरे में चली गई. जाते जाते मेरे से बोली- अगर कुछ लेना हो तो मुझे बता देना.मैंने कहा- ठीक है …