पिछले भाग में आपने पढ़ा के कैसे घर वालो की गैर मौजूदगी में समीर और नीतू ने मौज़ मस्ती की। अब आगे की कहानी….
एक दिन नीतू की मौसी प्रेग्नेंसी की वजह से अस्पताल में दाखिल थी। तो नीतू की मौसी के पास उसकी माँ को रात को रहना था। इस लिए घर पे नीतू के पापा और नीतू दोनों ही थे।
मेरी माँ को नीतू के पापा ने बोला के बहन जी, आप आज की रात हमारे यहां रुक जाओ, मुझे किसी जरूरी काम से बाहर जाना है। इस वक्त नीतू अकेली रहेगी। आप तो जानते हो के अकेली लड़की को घर पे कैसे छोड़कर जाऊ।
लेकिन मेरी माता ने बताया के भाई साहब मेरी बहु भी यहां नही है, उसके बच्चे मेरे पास है। आप नीतू को ही मेरे यहां भेजदो। यदि मैं आपके वहां आई तो बच्चे भी साथ आयेगे। सो आप नीतू को ही मेरे घर भेजदो।
नीतू के पापा को बात अच्छी लगी। उसने बोला, मैं 10 मिनट में भेजता हूँ।
जब आधा घण्टा हो गया तब माँ ने बोला,” समीर फोन लगाकर पूछ के नीतू क्यों नही आई। …