मेरी सेक्स लाइफ की शुरुआत की कहानी है यह! मैं जवान हो चला था और सेक्स की इच्छा दबे पाँव मेरे मन में घर करने लगी थी. मेरी नजरें आसपास की लड़कियों पर पड़ने लगी थी.
मैं राहुल श्रीवास्तव आपके सामने फिर से एक नई रचना लेकर हाज़िर हूँ.
आज जो लोग 50 साल की उम्र के आस-पास हैं, उनको जीवन में बहुत से अनुभव होते हैं और उन्हीं अनुभवों में से एक अनुभव होता है सेक्स … या सेक्स लाइफ.इस अनुभव में समय के साथ काफी परिपक्वता आती है.
ऐसे ही सेक्स के अनुभवों को मैंने एक कड़ी में पिरोने की कोशिश की है कि कैसे एक लड़का और लड़की सेक्स की दुनिया से परिचित होता है, कैसे वो पहला सेक्स करता है, कैसे सेक्स की भाषा सीखता है और करीब करीब सारे लड़के और लड़कियां कुछ इसी तरह के अनुभवों से गुजर कर सेक्स सम्भोग का मज़ा लेते हैं.
मेरी यौन अनुभूति की दास्तान की एक अलग सीरीज आपके सामने है. ये आप मेरी … या फिर अपनी ही यौन दास्तान समझ कर पढ़िएगा, आप सबको यह रचना काफी पसंद आएगी.
इस सेक्स कहानी में सब कुछ वैसा ही हुआ है, जैसा मैंने लिखा है. बस आज के पाठकों की रूचि के हिसाब से थोड़े बहुत बदलाव किए हैं.
आपकी प्रतिक्रिया और आपके ईमेल का मुझे इंतज़ार रहेगा.
यह रचना उन लोगों को समर्पित है, जो अपनी उम्र के अर्द्धशतक के आसपास हैं.कोई उनसे पूछे कि सत्तर के दशक से नब्बे के दशक तक किसी लड़की को पटाना कितना मुश्किल काम था. उस समय ना इंटरनेट था, ना कैमरा, ना …