This story is part of the Nayi Dagar, Naye Humsafar series
मैंने और जैक ने अभी मजा लेना शुरू ही किया था कि बाहर का गेट बजा। कही जोसफ तो नहीं आ गया था । जैक ने मुझे तुरंत छुपने को कहा और बैडरूम की खिड़की से मुझे बाहर कर दिया। उसने मुझे मेरा पर्स और नीचे पड़ा शर्ट मेरे हाथों में थमा दिया।
जैक: “तुम यही छुपी रहना। मैं तुम्हे मौका देख कर बाद में बाहर निकाल दूंगा।”
मैं दीवार की ओट में आ गयी और बिना आवाज किए अपने खुले ब्रा का हुक फिर बंद कर लिया और शर्ट को फिर से पहनने लगी। वहा आठ दस फ़ीट की खुली जगह थी और उसके आगे एक ऊँची बॉउंड्री वाल थी। मैं वहा से भाग भी नहीं सकती थी। मैं वही खड़ी हो सुनने लगी।जोसफ और सैंड्रा बैडरूम में आ गए थे।
जैक: “आप दोनों इस वक्त यहाँ कैसे, सब कुछ ठीक तो हैं?”
सैंड्रा : “कुछ नहीं स्वीटहार्ट, एक हफ्ते से जोसफ का लंड अपनी चूत में नहीं लिया था तो बहुत कमी खल रही थी। ”
मतलब मेरा शक ठीक था, जोसफ सैंड्रा को चोदता ही रहता हैं और वो भी जैक के सामने। जैक खुद तो अपनी सौतेली माँ को चोदता ही हैं उसने बताया था।
मेरे मन में एक उत्सुकता थी ये जानने की कि जोसफ का लण्ड कितना …