हाउसवाइफ पोर्न स्टोरी में पढ़ें कि कैसे मैं हिरोइन बनने के लिए कितने लोगों से चुदती चली गयी. और जब फिल्म की शूटिंग शुरू हुई तो मुझे पता चला कि यह तो …
कैसे हो साथियो? मैं पदमा मैत्री अपने हिरोइन बनने की कहानी का अंतिम भाग आपको बताने आई हूं. मेरी हाउसवाइफ पोर्न स्टोरी के तीसरे भागमैं हिरोइन बन गयी- 3में आपको मैंने बताया था कि फिल्म के फाइनेंसर ने फिल्म पर पैसे लगाने से मना कर दिया और उसने इसके बदले मेरा जिस्म डायेरक्टर से मांगा.
मैं फंस गयी थी और होटल में जाकर मैंने फाइनेंसर और उसके साथियों की वासना को शांत किया. पांच मर्दों से चुदने के बाद मुझमें चलने की हिम्मत तक नहीं रही थी.
जब मैं होटल से बाहर जाने लगी तो होटल के मैनेजर की नज़र मुझ पर पड़ गयी और उसने मुझे आवाज देकर बुला लिया. मैं धीरे से चल कर उसके पास गयी तो देखा कि वो मुझे देख कर मंद मंद मुस्करा रहा था.
अब आगे की हाउसवाइफ पोर्न स्टोरी:मैं मैनेजर के पास गई और पूछा- क्या हुआ?मैनेजर ने पूछा- मैडम आप धंधा करती हो क्या?मैंने हड़बड़ाते हुए कहा- नहीं!
उसने कहा- मज़ाक मत करो मैडम … पांच लोगों के कमरे में 4 घण्टे के लिए घुसे थे आप, तो अंदर पूजा तो नहीं करवा रहे होगे? या राखी तो नहीं बांधने गये थे सब को! मुझे पता है कि आप वहां क्या करने गईं थी.
फिर वो बोला- अच्छा चलिये, ये फालतू की बात छोड़िये, मैं ये बोल रहा था कि भविष्य में अगर अच्छा कमाने का मन हो तो मेरे होटल में आ जाना, तेरे लायक यहां पर बढ़िया कस्टमर आते हैं. मेरे पास कस्टमर की लाइन लगी है और मैं पैसे भी अच्छे दूंगा.
उसकी बातें सुनकर जैसे मैं ज़मीन में गड़ी जा रही थी. मुझसे कुछ बोलते नहीं बन रहा था तो मैंने कहा- …