दूल्हा दुल्हन सेक्स कहानी मेरी सुहागरात की है. मेरी नयी नवेली पत्नी बहुत शरमा रही थी. इसी से मेरी उत्तेजना ज्यादा बढ़ रही थी. मैंने कैसे खोला उसे!
हैलो मैं राज सोलंकी, एक बार फिर से सुहागसेज पर मेरी बीवी की कुंवारी चुत चोदने की सेक्स कहानी में आपका स्वागत करता हूँ.मेरी दूल्हा दुल्हन सेक्स कहानी के पहले भागशादी के बाद सुहागरात की तैयारीमें अब तक आपने पढ़ा था कि मैंने अपनी बीवी के ब्लाउज को खोलने लगा था.
अब आगे दूल्हा दुल्हन सेक्स कहानी:
उसके क्लीवेज को चूसते हुए मैंने अपने एक हाथ को हौले से ब्लाउज के ऊपर से ही उसकी छाती पर रख दिया.फिर धीरे से उसके एक बोबे को दबा दिया.
इतने में ही उसके मुँह से ‘आआहह …’ की आवाज बहुत ही मादक तरीके से निकली.
मैंने कुछ ही पलों बाद अपने दोनों हाथों से उसकी दोनों छातियों को दबाना शुरू कर दिया था. उसकी छातियों पर मेरे हाथों का जोर धीरे धीरे बढ़ने लगा था. उसकी दोनों छातियों को अब मैं ताकत से मसलने लगा था.
कोमल- आह .. उन्ह ..मैं- क्या हुआ सेक्सी?कोमल- बदमाशी आप कर रहे हो और मुझसे पूछ रहे हो कि क्या हुआ!
कोमल की साड़ी तो पहले ही चूमाचाटी में साइड में हो चुकी थी. मैंने अपने होंठों को उसके ब्लाउज के ऊपर से उसकी छातियों पर लगा दिए और उनको …