भाभी की प्रसव देखभाल के लिये उनकी मम्मी हमारे घर आयी. आंटी की मोटी गांड और चूचियां देख मेरा लंड खड़ा हो जाता था. मुझे औरत की चूत चुदाई नहीं आती थी तो आंटी ने मुझे चुदाई की ट्रेनिंग कैसे दी?
मेरी पिछली कहानी थी: ससुर या पड़ोसी, सेक्स का मजा आना चाहिए
दोस्तो, मेरा नाम विजय कपूर है और मैं कानपुर के एक छोटे से गांव का रहने वाला हूं. बात आज से काफी पुरानी है. उन दिनों मैंने अपनी बाहरवीं की पढ़ाई पूरी की थी.
घर में मेरा एक बड़ा भाई भी है जिसका नाम रमेश है. उन दिनों में रमेश भैया की शादी की बात चल रही थी. मेरे भैया लखनऊ में एक सरकारी महकमे में अफसर हैं. जब उनकी जॉब लगी थी तो उन दिनों में ही उनके ऑफिस में काम करने वाली एक लड़की के साथ उनका टांका फिट हो गया था.
उस लड़की का नाम रेखा था. मेरे भैया उसी से शादी करना चाह रहे थे और मेरे घर वालों को भी इस बात से कोई आपत्ति नहीं थी. कुछ ही दिनों के बाद उन दोनों का रिश्ता पक्का हो गया और वो दोनों प्रेम विवाह के बंधन में बंध गये. शादी होने के बाद वो लोग लखनऊ में ही रहने लगे.
आगे की पढ़ाई करने के लिये मुझे भी मेरे घरवालों ने लखनऊ जाने के लिये कहा. उनके कहने पर मैं भी तैयार हो गया था क्योंकि भैया और भाभी पहले से ही वहां पर रह रहे थे.
लखनऊ में भैया-भाभी के साथ …