मेरी फर्स्ट किस स्टोरी में पढ़ें कि कैसे मैंने अपने रिश्तेदार लड़के को अपनी अदाओं से उत्तेजित करके उसके साथ प्रथम चुम्बन का मजा लिया.
कहानी के पिछले भागमेरी जवानी और सेक्स की प्यास- 1में आपने पढ़ा कि अपने रिश्तेदार लड़के का लंड देखने के बाद मैं उससे चुदाई करवाने के सपने देखने लगी.
अब आगे फर्स्ट किस स्टोरी:
अगले दिन साहिल की मम्मी का सुबह फ़ोन आया- आज त्यौहार हमारे साथ हमारे घर में मनाना! तुम सबकी दावत है.इस पे मैंने आंटी या यों कह लो कि मेरी सास माँ से मैंने पूछा- कब तक आयें हम सब?
तो वो बोली- बस अभी कुछ देर में आ जाओ. और मेरे साथ काम में मेरा थोड़ा हाथ भी बटा लेना।
यह बात मैंने दादी से बतायी तो उन्होंने बोला- कि जल्दी तैयार हो जाओ. शाम को पूजा के समय के कपड़े रख लेना. वहीं तैयार हो जाना तुम दोनों!
मैं अपने घर का सारा काम करके जल्दी से तैयार हो गयी.एक घंटे के बाद हम सब साहिल के घर आ गए।
उनका घर भी साहिल के लन्ड जितना बड़ा था।उसने मुझको देखकर मेरा हाल …