This story is part of the Asli Parivarik Sukh Aur Anand series
बेटी के दृष्टिकोण से-
सबसे पहले तो मै ये कहना चाहूंगी, कि मैंने सेक्स ये शब्द सहेलियों से सुना और जाना की इसमें मज़ा बहुत आता है। और बॉयफ्रेंड के साथ या फिर अपने पति के साथ यह करना पड़ता है, जिसमें बहुत सुख है।
लेकिन मैंने यह कभी नहीं सुना कि घर में भी यह सब होता है या करते है। आखिर यह तो पाप है घर में कौन करेगा, कुछ भी? क्यों की हम सब भक्ति आध्यात्म से भरपूर कहां इन सब बातो में पड़ेगें।
फिर सहेलियों ने ये बताया की उन्होंने कुछ कहानियों में पढ़ा है, कि यह कुछ घरों में बंगाल में होता है। जैसे कि माँ और बेटे में शारीरिक संबंध और बाप बेटी मे, भाई बहन में।
लेकिन मुझे ये सब …