मेरे सामने वाले घर में एक मोटी आंटी की बड़ी बड़ी चूचियां देख मैं उसकी चुदाई की सोचता था. एक दिन आंटी के साथ मेरी नजर मिल गयी. हम दोनों ने चुदाई का मजा कैसे लिया?
कैसे हो दोस्तो! मेरा नाम संजय है और मैं बलरामपुर (यू.पी.) से हूँ. मेरी उम्र 25 साल है और मेरा लंड 7.5 इंच लंबा और 3 इंच मोटा है.
अब मैं सीधा कहानी पर आता हूँ. मेरे घर के सामने वाले घर में एक मोटी आंटी रहती है. वो रंग की तो सांवली सी है लेकिन देखने में मस्त है. उसकी मोटी गांड और बड़े बड़े चूचे देख कर कोई भी उसको चोदने के लिए रेडी हो जाये.
आंटी की बालकनी मेरे घर के ठीक सामने थी तो अक्सर आंटी से मेरी हाय-हैलो वगैरह हो जाती थी. उसकी मोटी चूचियों की क्लीवेज देख कर मेरा लंड फड़फड़ा जाता था. मेरी नजर उसकी मोटी गांड और मोटी मोटी चूचियों को ताड़ने में ही लगी रहती थी.
एक दिन की बात है कि वो एक साड़ी पहने हुए बालकनी में खड़ी हुई थी. नीचे से उसने एक डीप नेक का ब्लाउज पहना हुआ था. उसके ब्लाउज में से उसका क्लीवेज साफ साफ दिखाई दे रहा था.
जैसे ही मेरी नजर आंटी की चूचियों के क्लीवेज पर पड़ी तो नजर जैसे वहीं पर ठहर सी गयी. मैं आंटी की चूचियों को ताड़ने …