ब्याह के दो साल बाद जब मुझे बच्चा ना हुआ तो सास मुझे ताने देने लगी. मेरी सहेली ने मुझे एक बाबा के बारे में बताया. उस बाबा ने क्या जादू किया कि मेरा गर्भ ठहर गया.
दोस्तो, मैं डॉक्टर सुनील, जबलपुर से एक बार फिर से हाजिर हूं अपनी एक नयी कहानी के साथ.आपने मेरी पिछली कहानीआंटी की बहू को प्रेगनेंट कियापढ़ी, आपको पसंद भी आई. मुझे काफी मेल भी मिले. धन्यवाद.
मेरी यह कहानी भी पिछली कहानी की भाँति एक संतानहीन भाभी की है. इस बार कहानी का पात्र मैं नहीं हूं लेकिन फिर भी एक पेशेंट की मदद से मैंने इस कहानी को आप सबके सामने रखा है.
जहां पर मैं इलाज किया करता था वो एक दूर-दराज का गांव था. वहां से शहर काफी दूरी पर था. सारा रहन सहन गांव वाला ही था. वहीं पर इलाज के दौरान एक बार मेरी मुलाकात कमली से हुई.
जब कमली को मैंने पहली बार देखा तो लगा कि जैसे वो हुस्न की देवी थी. 36 के चूचे, पतली कमर, गोरा रंग और भरा बदन. नैन नक्श से एकदम अप्सरा जैसी. उसको देखते ही तो किसी नामर्द का लंड भी खड़ा हो जाये.
कमली एक बार मुझसे मिली थी. उसको अपने बांझपन के लिए उसकी सास ने मेरे पास भेजा था. उस दिन वो अपनी सास के साथ आयी थी जब मैंने उसे पहली बार देखा था.
यह कहानी कमली के बारे में ही है इसलिए मैं इसे उसी के शब्दों में पेश करना चाहता हूं. इसलिए अब आप आगे की कहानी कमली के मुंह से ही सुनिये.
मेरा नाम कमली है और मेरी आयु 27 साल है. यह घटना मेरे साथ आज से तीन-चार साल पहले हुई थी. उस वक्त मेरी शादी को साल भर से ज्यादा का समय हो गया था. सब कुछ सही चल रहा था. मेरे पति शहर में नौकरी करने के लिए जाया करते थे. वो सुबह जाते थे और देर शाम को घर लौटा करते थे. …