संजू के होठों पर मेरी लिपस्टिक लग गयी थी। मैंने अपना हाथ आगे बढ़ाते हुए उसके होंठ पोछने लगी। उसने तुरंत मेरी कमर में हाथ डाला और पकड़ कर अपनी तरफ खिंच कर नीचे से मुझको अपने से चिपका दिया। हम दोनों के नाजुक अंग कपड़ो के अंदर से ही एक दूंसरे को छू रहे थे।
उसने अब पीछे हाथ ले जाकर मेरे नितम्बो को पकड़ लिया और कहने लगा, शुरू से इच्छा थी इनको पकडू और बिना कपड़ो के देखु, मेरी एक इच्छा पूरी कर दो।
मैंने अपने आप को छुड़ाया और उसकी और पीठ करके खड़ी हो गयी और कहा, कर लो अपनी इच्छा पूरी। वो मुझे धकियाते हुए बिस्तर के पास ले गया और पेट के बल उल्टा लेटा दिया।
उसने अब मेरा पेटीकोट साड़ी सहित ऊपर उठाया, जब तक की मेरी पैंटी पूरी ना दिख गयी। फिर उसने मेरी पैंटी पकड़ कर नीचे खींच दी और मेरे बड़े नितम्बो पर दोनों हाथों को फेरते हुए दबाने लगा।
अब उसने मेरी पैंटी पैरो से पूरी बाहर निकाल दी। मैं तुरंत उठ खड़ी हुई और अपने पेटीकोट साडी को नीचे कर दिए।
मैंने कहा बात सिर्फ देखने और छूने की हुई थी तो …