This story is part of the Sarpanch ji ki heveli chudai ki raat series
हेलो दोस्तों जैसा कि आपने पार्ट 8 में पढा की सरपंचजी और मम्मी अब फोन पर बाते करने लगे थे। पापा के ऑफिस जाने के बाद मम्मी सरपंचजी के साथ बाते करती थी।
कभी कभी मम्मी बेडरुम का दरवाजा बंद करके बाते करती थी शायद दोनों फोन सेक्स करते थे। मम्मी शायद सरपंचजी को इमेजिन करके चुत में उंगली डालकर उनकी जवानी की आग को शांत करती थी।
ऐसे ही एक दो महीने गुजर गये। एक दिन हम सब डिनर कर रहे थे तो पापा मम्मी से बोले कि अगले हफ्ते ऑफिस की ट्रेनिंग के लिए वो दो-तीन दिन बाहर गांव जाने वाले है।
यह सुनकर मम्मी के चेहरे पर थोड़ी खुशी छा गयी क्योंकि अब मम्मी और …