मैंने हॉस्टल गर्ल को क्लासरूम में चोदा और उसकी गांड भी मारी थी. मैंने उसकी बहन को उसी के गाँव में कैसे चोदा? पढ़ें इस मस्तराम सेक्स स्टोरी में!
अब तक की इस मस्तराम सेक्स स्टोरी के पिछले भागमैंने हॉस्टल गर्ल की सील तोड़ी-2में आपने पढ़ा कि मैंने हॉस्टल गर्ल पूजा को क्लास में कैसे चोदा था और उसकी गांड भी मारी थी. फिर सुबह कुछ ऐसा हुआ कि हमने पूजा और उसकी बहन संध्या को उनके गांव छोड़ने जाना पड़ा.
अब आगे:
हालांकि उनका घर विपरीत दिशा में था, लेकिन शायद वक़्त कुछ और चाह रहा था. उनका घर विद्यालय से 43 किलोमीटर दूर था. मम्मी पीछे बैठी थीं, पूजा भी पीछे थी. संध्या ने उसे आगे नहीं बैठने दिया था.
संध्या आगे मेरी बगल की सीट पर थी. वो हर बार वहीं हाथ ले आती, जब मैं गियर लगाता. जब उसका हाथ टच होता, तो वो मुस्कुरा देती. लेकिन मैं सिर्फ मिरर से पूजा को देखने लगता.
करीब एक घंटे चलने के बाद हम किसी गांव में आ गए थे, जो कि उनका था. आगे का रास्ता कच्चा था, तो मैं धीरे कार चला रहा था. करीब दस मिनट चलने पर हम लोग मंजिल पर आ गए थे. उनका घर काफी अन्दर था. जब हम सब उनके घर पहुंचे, तब शाम हो रही थी.
उनके घर में उनके पिता, मम्मी और दो भाई थे, जो शहर में काम करते थे. पूजा के दोनों भाई बहुत कम घर आते थे. अभी घर में सिर्फ उनकी माँ और पिता थे. पूजा और संध्या के मम्मी पापा ने मेरी मम्मी और मेरा काफी सत्कार किया.
अब शाम हो रही थी … …